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Tuesday, August 15, 2017

KACHEGUDA PASSENGER



आंध्र प्रदेश में एक सैर - काचेगुड़ा पैसेंजर यात्रा 


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        श्रीशैलम में जिओ का नेटवर्क न होने की वजह से मुझे अपना आगे का सफर तय करना मुश्किल हो गया और मैंने अपने लिए गलत राह चुन ली। ये गलत राह थी श्रीशैलम बस स्टैंड से हैदराबाद की टिकट न लेकर मार्का पुर की टिकट ले लेना। सुबह चार बजे हमारी बस श्रीशैलम से मार्कापुर की तरफ निकल पड़ी। सुबह सात बजे जब मैं मार्कापुर पहुँचा, तो यहाँ जिओ के नेटवर्क थे। मैंने रेलवे के ऍप्स पर देखा तो पता चला मार्का पुर से हैदराबाद के लिए एक ही पैसेंजर ट्रैन थी जो रात ग्यारह बजे हमें काचेगुड़ा उतार रही थी। यानी कि हैदराबाद की विजिट कैंसिल होनी ही थी।

Monday, August 14, 2017

SRI SHAILAM





श्री शैलम - मल्लिकार्जुन ज्योतिर्लिंग 

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          हम तिरुपति से रात को दस बजे बस से निकले थे, पूरे दिन की थकान होने की वजह से बस में नींद अच्छी आई। बस भी सुपर लक्सरी थी इसलिए कम्फर्ट भी काफी रहा, बस पैर लम्बे नहीं हो पाए थे। पूरी रात आंध्र प्रदेश में चलते हुए सुबह हमारी बस एक होटल पर चाय पानी के लिए रुकी। यहाँ से कुछ दूरी पर ही श्रीशैलम के लिए रास्ता अलग होता है। डारनोटा से एक रास्ता श्रीशैलम के लिए जाता है और यहीं से घाट भी शुरू हो जाते हैं। ऊँचे ऊँचे पहाड़ों के घुमावदार रास्तों को ही घाट कहा जाता है। यह रास्ता घने जंगलों से होकर गुजरता है, जगह जगह वन्यजीवों के बोर्ड भी यहाँ देखने को मिलते हैं। करीब आठ नौ बजे तक हम श्रीशैलम पहुँच गए। बस ने हमें बस स्टैंड पर उतारा। यहाँ हमें आगरा के एक सज्जन भी मिले जो परिवार सहित श्रीशैलम के दर्शन करने आये हुए थे, उनके साथ मैं भी किसी होटल में रुकने का इंतज़ाम देखने निकल पड़ा।

Sunday, August 13, 2017

TIRUPATI BALAJI




तिरुपति बालाजी - तिरुमला पर्वत 

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        सुबह चार बजे रेलवे स्टेशन के वेटिंग रूम में नहा धोकर हम तैयार हो गए और स्टेशन के बाहर आकर तिरुमला जाने वाली बस में बैठ लिए। यहाँ से APSRTC की बसें हर दो मिनट के अंतराल पर तिरुमला के लिए चलती हैं। तिरुमला एक ऊँचा पर्वत शिखर है जिसपर तिरुपति बालाजी का भव्य मंदिर स्थित है। कुल सात पहाड़ों की ये तिरुमला पर्वत श्रृंखला कुछ इस प्रकार है की देखने में यह भगवान् वेंकटेश्वर ( बालाजी ) के चेहरे के आकर का है। बस कुछ दूर बालाजी बस स्टैंड पर जाकर रुकी, यहाँ से हमें 96 रूपये पर सवारी के हिसाब आने जाने की टिकट मिली जो तिरुमला जाने वाली हर बस में वैध थी।